नीति आयोग का दावा, APMC अधिनियम को अपनाने से किसानों की आय होगी दोगुनी

0
368

नई दिल्लीः नीति आयोग के सदस्य रमेश चंद ने कहा है कि फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) में वृद्धि और राज्यों में आदर्श एपीएमसी अधिनियम अपनाए जाने से वर्ष 2022 तक किसानों की आय को दोगुना करने में मदद मिलेगी। प्रतियोगी बाजारों को बढ़ावा देने सहित ये कदम सरकार के 5 साल में किसानों की आमदनी को दोगुना करने के लक्ष्य के अनुरूप है।

चंद ने कहा, ‘मुझे पूरा भरोसा है कि यदि केन्द्र सरकार द्वारा सुझाए गए उपायों को राज्य सरकारें अपनाती हैं तो हम राष्ट्रीय स्तर पर इस लक्ष्य को हासिल करने की स्थिति में होंगे।’ उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र में विकासदर 5 प्रतिशत के करीब है जो लक्ष्य हासिल करने के लिहाज से उचित है। चंद ने कहा कि केंद्र ने लक्ष्य हासिल करने के ‘रोडमैप’ के घटकों में ‘किसानों द्वारा बेहतर मूल्य प्राप्ति’ को भी शामिल किया है।

हालांकि, उन्होंने माना कि यह केवल एमएसपी में वृद्धि के माध्यम से ही इसे हासिल नहीं किया जा सकता है। चंद ने कहा, ‘यही कारण है कि हम राज्यों में आदर्श कृषि उपज विपणन समिति (एपीएमसी) अधिनियम को अपनाने पर जोर दे रहे हैं। प्रतिस्पर्धी बाजार भी किसानों के लिए उच्च न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) का लाभ किसानों को उपलब्ध करने के लिहाज से महत्वपूर्ण हैं।’

हाल ही में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सरकार व्यापक और संतुलित नीति के माध्यम से गुणवत्ता वाले बीज, उर्वरक, पानी और बिजली के साथ-साथ किसानों की आय बढ़ाने के लिए बाजार उपलब्ध कराने का लक्ष्य कर रही है। उन्होंने कहा कि किसानों की आय दोगुनी करने के लक्ष्य को विभिन्न लागतों में कटौती, फसल के लिए उचित मूल्य दिलाकर, फसल कटाई के बाद होने वाले नुकसान को रोककर और आय के वैकल्पिक स्रोतों को तैयार कर हासिल किया जा सकता है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here