रबी फसल के लिए 4 बांधों से पानी देने की तैयारी, महानदी मंडल को भेजेंगे अनुशंसा

0
115

धमतरी Oct 24, 2018

खरीफ फसल की सिंचाई के बाद आगामी रबी फसल में सिंचाई की संभावना को लेकर मंगलवार को दोपहर कलेक्टर डॉ. सीआर प्रसन्ना की अध्यक्षता में संबंधित अधिकारियों की बैठक हुई, जिसमें बांधों में जलभराव की स्थिति की समीक्षा की गई। इसके बाद जिले के चारों बांधों से रबी फसल की सिंचाई के लिए पानी छोड़ने की अनुशंसा अधीक्षण अभियंता महानदी मंडल रायपुर को भेजने का निर्णय लिया गया।

जल प्रबंध संभाग रूद्री के ईई अजय ठाकुर ने बताया कि चारों बांधों में आज की स्थिति में 886.92 मीटर घनमीटर पानी उपलब्ध है, जो कि कुल क्षमता का 63.65 प्रतिशत है। इस आधार पर कुल 29500 हेक्टेयर क्षेत्र में रबी फसल की सिंचाई के लिए पानी दिया जा सकता है।

इसमें सोंढूर बांध से 36 ग्रामों के 3600 हेक्टेयर, गंगरेल बांध से महानदी मुख्य नहर की विभिन्न वितरक शाखाओं के माध्यम से धमतरी ब्लाक के 56 ग्रामों के 5385 हेक्टेयर, कुरूद के 77 ग्रामों के 7800 हेक्टेयर तथा बालोद जिले के गुरूर ब्लाक के 15 ग्रामों में 1211 हेक्टेयर क्षेत्र शामिल हैं। बैठक में महानदी प्रदायक नहर के 0 से 10 किलोमीटर तक जिले के 8 अन्य गांवों के 944 हेक्टेयर क्षेत्र में भी रबी फसल के लिए पानी दिए जाने पर सहमति बनी, लेकिन 10 से 25 किलोमीटर के बीच नहर सुधार कार्य जारी होने के कारण इस वर्ष गुरूर ब्लाक में इस नहर से पानी न देने का निर्णय लिया गया।

बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि बांधों से धमतरी जिले में 17729 हेक्टेयर और बालोद जिले में 1211 हेक्टेयर (कुल 18940 हेक्टेयर) क्षेत्र में पानी दिया जा सकता है। इसके अलावा रायपुर जिले के लगभग 10560 हेक्टेयर क्षेत्र को भी रबी कार्यक्रम में सिंचाई के लिए निर्धारित किया जा सकता है, किन्तु क्षेत्र का निर्धारण अधीक्षण अभियंता महानदी मंडल रायपुर द्वारा किया जाना है।

40 हजार हेक्टेयर में अन्य साधनों से सिंचाई

सहायक संचालक कृषि द्वारा बताया गया कि रबी कार्यक्रम के लिए नहरों के माध्यम से 18940 हेक्टेयर के अलावा 40 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में किसानों द्वारा नलकूप व अन्य जल साधनों से रबी की सिंचाई की जाएगी। बैठक में कलेक्टर ने फसल के अनुरूप पर्याप्त मात्रा में बीज, खाद, कीटनाशक की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश कृषि विभाग के अधिकारी को दिए। इसके अलावा निर्धारित क्षेत्र की ग्रामवार जानकारी जल संसाधन और कृषि अधिकारियों व अमलों के माध्यम से तत्काल ग्रामवासियों को उपलब्ध कराने के भी निर्देश उन्होंने दिए।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here