यूरिया की कालाबाजारी शुरू, 267 रु. का कट्‌टा व्यापारी 350 रुपए तक में बेच रहे

0
145

रतलाम Nov 22, 2019

रबी सीजन के चलते यूरिया की डिमांड बढ़ने लगी है। सोसायटियों पर खाताधारक को सरकारी दाम में यूरिया मिल रहा है। लेकिन जो व्यक्ति सोसायटी का खाताधारक नहीं है उसे बाजार का रूख करना पड़ रहा है। इसी का फायदा उठाते हुए दुकानदारों ने यूरिया की कालाबाजारी शुरू कर दी है। मनमाने तरीके से प्रति कट्टे पर 50 से 100 रुपए अधिक लिए जा रहे है। किसान को बिल भी नहीं दिया जा रहा है।

सोसायटी के खाताधारकों को 267 रुपए प्रति कट्‌टा यूरिया मिल रहा है। उसी कट्टे के लिए बाजार में 50-100 रुपए अधिक लिए जा रहे है। यूरिया की किल्लत बताते हुए किसानों पर दुकानदार डीएपी या पोटाश जैसे अन्य उर्वरक साथ में लेने का दबाव बना रहे हैं। अगर किसान अन्य उर्वरक नहीं खरीदता है तो उसे यूरिया नहीं दिया जा रहा है। यूरिया खुले में रखे होने से उनकी गुणवत्ता पर भी असर गिर रहा है। इसे लेकर भास्कर ने स्ट्रिंग ऑपरेशन किया। जिसमें ग्राहक बनकर एक व्यक्ति को भेजा। उसने यूरिया के एक कट्टे की कीमत पूछी तो दुकानदार ने बताया वैसे तो 300 का है लेकिन हम 350 में दे देंगे। जब कहा गया कि सोसायटी पर तो कीमत कम है। तो कहा गया कि हम आपको यूरिया के साथ पोटाश जैसे अन्य उर्वरक भी कम दाम में देंगे। जब सिर्फ यूरिया देने की बात कही तो दुकानदार ने कहा अन्य उर्वरक तो साथ में लेना पड़ेगा। नहीं तो यूरिया नहीं मिलेगा। कृषि प्रभारी एसडीओ एनके छारी ने बताया अधिक कीमत पर यूरिया बेचने की कोई शिकायत नहीं मिली है। मय प्रमाण के शिकायत मिलेगी तो कार्रवाई करेंगे। यूरिया की कालाबाजारी रोकने के लिए शासन ने जांच दल बनाया है, हम उर्वरक बीज व दवा विक्रेताओं पर निगरानी रख रहे हैं।

दुकानदार खुले में रखकर बेच रहे युरिया और दाम भी अधिक ले रहे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here